पूर्ण संस्करण देखें
⚡ AMP पेज | पूर्ण वेबसाइट देखें
Firing

जिला पंचायत सदस्य भूपेंद्र सिंह गोलीकांड में जांच के लिए 5 टीमें गठित

✍️ Admin 📅 21 April, 2026 ⏰ 06:43 PM 👁 122 views



गोंडा। जनपद के परसपुर थाना क्षेत्र के ग्राम पंचायत डेहरास के गजराजपुरवा में सोमवार देर रात करीब 10 बजे चुनावी रंजिश में गोलीबारी की बड़ी घटना सामने आई है। अज्ञात बदमाशों ने भाजपा से जुड़े जिला पंचायत सदस्य प्रतिनिधि भूपेंद्र सिंह को उस समय गोली मार दी, जब वह अपनी गाड़ी में बैठ रहे थे। गोली लगते ही उनकी गाड़ी अनियंत्रित होकर एक पेड़ से टकरा गई। 

गंभीर रूप से घायल भूपेंद्र सिंह को परिजन तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र परसपुर ले गए जहां से उन्हें गोंडा मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया। हालत अधिक नाजुक होने पर चिकित्सकों ने उन्हें लखनऊ के केजीएमयू के लिए रेफर कर दिया। बताया जा रहा है कि उनके पेट में गोली के छर्रे लगे हैं और स्थिति चिंताजनक बनी हुई है।
भूपेंद्र सिंह भाजपा की जिला पंचायत सदस्य अनामिका सिंह के पति हैं और पूर्व सांसद बृजभूषण शरण सिंह के करीबी माने जाते हैं। वह स्वयं भी क्षेत्र में सक्रिय राजनीति कर रहे थे और प्रधानी चुनाव की तैयारी में जुटे थे।

पुलिस के अनुसार, प्रारंभिक जांच में मामला चुनावी रंजिश और आपसी विवाद से जुड़ा प्रतीत हो रहा है। बताया जा रहा है कि गांव के कुछ लोगों से कहासुनी के बाद इस वारदात को अंजाम दिया गया। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस अधीक्षक विनीत जायसवाल मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण किया। उन्होंने पीड़ित की पत्नी अनामिका सिंह से भी बातचीत कर पूरी जानकारी ली। आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पांच पुलिस टीमों का गठन किया गया है और क्षेत्र में सघन तलाशी अभियान चलाया जा रहा है। घटना के बाद गजराजपुरवा गांव को छावनी में तब्दील कर दिया गया है।
घायल को गोंडा मेडिकल कॉलेज लाते समय साथ आए कुछ लोगों द्वारा सुरक्षा गार्डों से अभद्रता और गाली-गलौज किए जाने की भी सूचना है। इस घटना से मेडिकल कॉलेज के सुरक्षा कर्मियों में नाराजगी है और उन्होंने कार्रवाई की मांग की है।

सूत्रों के मुताबिक भूपेंद्र सिंह पूर्व में अपनी जान को खतरा बताते हुए पुलिस व अन्य अधिकारियों को अवगत करा चुके थे। परिजनों और समर्थकों का आरोप है कि यदि समय रहते कार्रवाई होती तो इस घटना को टाला जा सकता था। अब इस पूरे मामले में पुलिस की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं।घटना के बाद पूरे इलाके में दहशत और आक्रोश का माहौल है। जिला अस्पताल में समर्थकों की भारी भीड़ जुट गई। स्थानीय लोग लगातार बिगड़ती कानून व्यवस्था को लेकर चिंता जता रहे हैं।

जनपद में हाल के वर्षों में बढ़ती आपराधिक घटनाओं ने सुरक्षा व्यवस्था पर प्रश्नचिह्न लगा दिया है। लोगों का कहना है कि पहले इस तरह की घटनाएं कम होती थीं, लेकिन अब अपराधियों के हौसले बुलंद नजर आ रहे हैं। पुलिस मामले की जांच में जुटी है और जल्द ही आरोपियों की गिरफ्तारी का दावा कर रही है।

📤 शेयर करें: