भारत और आयरलैंड के बीच टी-20 सिरीज़ का दूसरा और आख़िरी मैच खेला जा रहा है. इस मैच में भी वैभव सूर्यवंशी को टीम इंडिया की ओर से डेब्यू का मौक़ा नहीं मिला है. रविवार के मैच में भारत की टीम में दो खिलाड़ियों ने डेब्यू किया है, इनमें गेंदबाज़ प्रिंस यादव और ऑलराउंडर सूर्यांश शेडगे शामिल हैं. भारतीय टीम ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाज़ी का फ़ैसला किया है. पिछले मैच में भारत के युवा तूफ़ानी बल्लेबाज़ वैभव सूर्यवंशी को टीम में शामिल नहीं किए जाने पर क्रिकेट के कई फ़ैन्स ने सोशल मीडिया पर नाराज़गी जताई थी. दोनों देशों के बीच हुए पहले मैच में भारत को 34 रनों से हार मिली थी. हालाँकि कई क्रिकेट एक्सपर्ट्स ने कप्तान श्रेयस अय्यर के इस फ़ैसले का बचाव किया था. आयरलैंड के ख़िलाफ़ वैभव को पहले टी-20 में डेब्यू का मौक़ा नहीं मिला था, जिसके बाद भारत की टीम के प्लेइंग इलेवन के चुनाव पर कई सवाल उठे. सोशल मीडिया पर टीम को आलोचनाओं का सामना करना पड़ा और यूज़र्स ने कहा कि वैभव को प्लेइंग इलेवन शामिल नहीं करना महंगा साबित हुआ. भारत ने दूसरे टी-20 मैच में वॉशिंगटन सुंदर और प्रसिद्ध कृष्णा को टीम से बाहर रखा है. 15 साल के वैभव सूर्यवंशी को भारत की पुरुष टीम के सबसे कम उम्र के अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी बनने का मौका पाने के लिए अभी इंतजार करना होगा. महज़ 13 साल की उम्र में क्रिकेट जगत में अपनी पहचान बनाने के बाद वह कई रिकॉर्ड बना चुके हैं. वैभव अभी केवल 15 साल के हैं और विश्व क्रिकेट में भी कई लोगों की नज़र उन पर बनी हुई है. साल 2025 में राजस्थान रॉयल्स की ओर से 14 साल की उम्र में सूर्यवंशी ने आईपीएल में डेब्यू किया था. वैभव सूर्यवंशी को शुक्रवार को अवसर नहीं मिला. अगर वह रविवार को होने वाले मैच में डेब्यू करते, तो अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में सबसे कम उम्र में खेलने वाले खिलाड़ी बन जाते. यह रिकॉर्ड अभी सचिन तेंदुलकर के नाम है. उन्होंने साल 1989 में पाकिस्तान के ख़िलाफ़ 16 साल की उम्र में वनडे इंटरनेशनल मैच खेला था. इस साल आईपीएल में वैभव के ऑरेंज कैप जीतने के बाद से उनके भारतीय टीम में शामिल होने की उम्मीदें बढ़ गई थीं. कई दिग्गज क्रिकटरों ने उनकी तारीफ़ की थी. वैभव सूर्यवंशी ने आईपीएल में 16 मैच खेलकर 776 रन बनाए. इसमें उनका औसत 48 से ज़्यादा रहा, जो टी-20 मैच के लिहाज़ से काफ़ी अच्छा माना जाता है. वैभव सूर्यवंशी ने इस दौरान 237 की सट्राइक रेट से रन बनाए और 5 अर्धशतकों के साथ ही एक शतक भी लगाया. आईपीएल क्वालिफायर टू के मुक़ाबले में गुजरात टाइटंस के ख़िलाफ़ राजस्थान रॉयल्स की ओर से वैभव ने टीम की पारी को संभालते हुए शानदार पारी खेली, जिसकी काफ़ी चर्चा हुई. मुश्किल हालात के बीच वैभव ने परिपक्वता दिखाई और संभल कर खेलते हुए 31 गेंद में अपना अर्धशतक पूरा किया. लेकिन उन्होंने अगली 16 गेंद में 46 रन जड़ दिए. वैभव ने 47 गेंद में 97 रन बनाए और उनकी पारी में 7 छक्के शामिल रहे. इस तरह से उनकी बल्लेबाज़ी में अब तक न केवल बेहतरीन सट्राइक दिखी है, बल्कि वो लगातर अच्छा प्रदर्शन कर रहे हैं. आईपीएल के बाद जब उन्हें भारतीय टी-20 टीम और भारत-ए में शामिल किया गया, तो उनके डेब्यू का इंतज़ार होने लगा. बीते दिनों श्रीलंका-ए के ख़िलाफ़ भारत-ए की ओर से खेलते हुए वैभव ने लिस्ट-ए 50 ओवर क्रिकेट के इतिहास का सबसे तेज़ अर्धशतक लगाया. उन्होंने सिर्फ़ 11 गेंदों में यह उपलब्धि हासिल की. उस मैच में वैभव ने महज़ 29 गेंदों में 94 रन की विस्फोटक पारी खेली थी. बीबीसी के लिए कलेक्टिव न्यूज़रूम की ओर से प्रकाशित. (बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक, एक्स, इंस्टाग्राम, यूट्यूब और व्हॉट्सऐप पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)
स्रोत: BBC Hindi